‘सुरक्षित असोम, विकसित असोम’

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      असम विधानसभा चुनाव : ‘संकल्प पत्र’ का विमोचन

भारतीय जनता पार्टी ने 31 मार्च, 2026 को गुवाहाटी में असम विधानसभा चुनाव 2026 के लिए अपना ‘संकल्प पत्र’ जारी किया। इसे केंद्रीय मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण ने जारी किया। इस अवसर पर केंद्रीय मंत्री श्री सर्बानंद सोनोवाल एवं असम के मुख्यमंत्री श्री हिमंता बिस्वा सरमा भी उपस्थित रहे। इस संकल्प पत्र में 31 प्रमुख बातें रखी गई है, जो ‘सुरक्षित असोम, विकसित असोम’ की थीम पर आधारित है और इसके तीन प्रमुख स्तंभ हैं: आर्थिक विकास, सामाजिक कल्याण और स्थानीय पहचान की सुरक्षा। इसमें सरकारी जमीन से अवैध कब्जा हटाने, आप्रवासी (असम से निष्कासन) अधिनियम, 1950 को लागू करने और सभी वास्तविक नागरिकों को भूमि अधिकार देने के उपाय शामिल हैं।

केंद्रीय वित्त मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण ने भाजपा सरकार के तहत प्रदेश के आर्थिक विकास पर प्रकाश डालते हुए कहा कि पिछले 10 वर्षों में सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) लगभग तीन गुना बढ़ गया है, जबकि प्रति व्यक्ति आय 2020-21 में 1.03 लाख रुपये से बढ़कर 2024-25 में 1.59 लाख रुपये हो गई है।

इस घोषणापत्र में समान नागरिक संहिता (यूसीसी) का प्रस्ताव भी शामिल है, जिससे छठी अनुसूची वाले क्षेत्रों एवं आदिवासी समुदायों को बाहर रखा गया है। पार्टी ने दो लाख सरकारी नौकरी देने एवं 8वें वेतन आयोग को लागू करने का वादा किया है। इसमें ‘अरुणोदय’ सहायता को बढ़ाकर 3,000 रुपये करने और गरीबों के लिए केजी से पीजी तक मुफ्त शिक्षा देने का प्रस्ताव भी है। इसमें प्रदेश में एक्सप्रेसवे और वंदे भारत ट्रेन परियोजनाओं में निवेश का प्रस्ताव भी शामिल है।

मुख्य बिंदु

•समान नागरिक संहिता (यूसीसी): असम में यूसीसी लागू करना, जिसमें खास तौर पर आदिवासी समुदायों और छठी अनुसूची वाले इलाकों को अलग रखा जाएगा
•सरकारी और वन भूमि पर अवैध कब्जे के खिलाफ सख्त कार्रवाई, जिसमें सत्रों (मठों) की जमीन से कब्जा हटाना भी शामिल है।
•स्थानीय संस्कृति की रक्षा के लिए ‘लव जिहाद’ और ‘लैंड जिहाद’ के खिलाफ कानून बनाने का वादा।
आर्थिक मोर्चे पर भाजपा ने अगले पांच सालों में दो लाख नौकरियों का सृजन करने का वादा।
•असम में बार-बार आने वाली बाढ़ की समस्या से निपटने के लिए एक बड़ा वित्तीय वादा; प्रदेश को बाढ़-मुक्त बनाने के लिए पहले दो सालों में 18,000 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।
•घोषणापत्र में कल्याणकारी योजनाओं पर ज़ोर दिया गया है, खासकर महिलाओं के लिए। सरकार की योजना है कि दूसरे चरण में ‘मुख्यमंत्री महिला उद्यमिता योजना’ के लाभार्थियों को 25,000 रुपये की वित्तीय सहायता दी जाए और इस कार्यक्रम का विस्तार करके 40 लाख ‘लखपति बाइदेओ’ (लखपति बहनें) तैयार की जाएं।
•इसमें घरेलू आय को सहारा देने के लिए ‘अरुणोदय योजना’ के तहत मासिक सहायता को 1,250 रुपये से बढ़ाकर 3,000 रुपये करने का प्रस्ताव है।
•पूर्वी प्रवेश द्वार: असम को भारत का ‘पूर्वी प्रवेश द्वार’ बनाने के लक्ष्य के साथ 5 लाख करोड़ रुपये का भारी निवेश किया जाएगा।
•कनेक्टिविटी: सिलीगुड़ी, शिलांग, सिलचर और डिब्रूगढ़ को जोड़ने वाले एक्सप्रेसवे का विकास, साथ ही ब्रह्मपुत्र नदी के नीचे पानी के भीतर सुरंगों का निर्माण।
गुवाहाटी वॉटर मेट्रो: गुवाहाटी, डिब्रूगढ़ और तेजपुर में वॉटर मेट्रो सिस्टम शुरू करना।
•नौकरियां: 2 लाख सरकारी नौकरियां देने का वादा।
•अरुणोदय 3.0: ‘अरुणोदय योजना’ के तहत महिलाओं के लिए मासिक सहायता बढ़ाकर 3,000 रुपये करना।
•बाढ़ प्रबंधन: 18,000 करोड़ रुपये से ज़्यादा के निवेश के साथ ‘बाढ़ मुक्त असम मिशन’ शुरू करना।
शिक्षा: गरीबों के लिए किंडरगार्टन (केजी) से लेकर पोस्ट-ग्रेजुएशन (पीजी) तक मुफ्त शिक्षा।