कांग्रेस ने असम के साथ एक और बहुत बड़ा अन्याय किया है। उसने असम को हमेशा हिंसाग्रस्त और अलग करके रखा। आजादी के बाद भी असम बम-बंदूक और कर्फ्यू की चपेट में रहा। लेकिन भाजपा-एनडीए सरकार असम में शांति बहाली और तेज विकास का संकल्प लेकर चल रही है। इसलिए असम में शांति की स्थापना हो रही है। पहली बार असम में बोडो, कार्बी, आदिवासी, डीएनएलए, उल्फा ऐसे हर सगंठन से जुड़े लोगों ने बंदूक छोड़कर देश के संविधान का रास्ता चुना है
प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने 14 फरवरी, 2026 को गुवाहाटी में एक जनसभा को संबोधित किया। अपने संबोधन के दौरान उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने हमेशा तुष्टीकरण को बढ़ावा दिया, लेकिन भाजपा की ‘डबल इंजन’ सरकार में चाय से लेकर चिप्स तक असम की विकास यात्रा दिखाई देती है। असम का इतना विकास इसलिए हो रहा है, क्योंकि यहां के लोगों को भाजपा और उसके कार्यकर्ताओं पर अटूट भरोसा है। मैं वादा करता हूं कि यहां के मेरे परिवारजनों ने जो असीम प्यार दिया है, उसे राज्य का और विकास करके ब्याज समेत लौटाऊंगा। उन्होंने कहा कि कभी बम धमाकों से गूंजने वाले असम ने हमारे प्रयासों से शांति और विकास की राह पकड़ी है। कांग्रेस आज उसे एक बार फिर घुसपैठियों के हवाले कर अशांति और अराजकता में झोंकना चाहती है। इससे राज्य के लोगों को बहुत सतर्क रहना है।
श्री मोदी ने पार्टी कार्यकर्ताओं का अभिनंदन करते हुए कहा कि असम के बूथ लेवल तक के कार्यकर्ताओं का दर्शन करना बड़े सौभाग्य की बात है। आज भाजपा जहां पहुंची है, उसका श्रेय सिर्फ कार्यकर्ताओं को ही जाता है। हमारा विश्वास संगठन में है। हम एक ही मंत्र लेकर जीए हैं और उसको साकार करने के लिए अपने आप को खपा रहे हैं। वो मंत्र है— भारत माता की जय। भाजपा में रहते हुए मां भारती की सेवा को अपना धर्म बनाया है। सभी कार्यकर्ता ही भाजपा की प्राणवायु है। मेरे लिए भी यह गौरवपूर्ण बात है कि नरेन्द्र मोदी भाजपा का कार्यकर्ता है। उन्होंने कहा कि वर्ष 2014 के बाद नॉर्थ-ईस्ट के सवा सौ से अधिक महान व्यक्तित्वों को पद्म पुरस्कार मिले हैं, जो दिखाता है कि नॉर्थ-ईस्ट की धरती का सामर्थ्य कितना बड़ा है।
बजट का उल्लेख करते हुए श्री मोदी ने कहा कि जिस नॉर्थ-ईस्ट को कांग्रेस ने हमेशा नजरअंदाज किया, हम उसकी सेवा कर रहे हैं। नॉर्थ-ईस्ट हमारे लिए अष्टलक्ष्मी है। बजट में बहुत अधिक फोकस नॉर्थ-ईस्ट को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने पर है। इस साल असम को टैक्स की हिस्सेदारी के रूप में
असम के गुवाहाटी में कुमार भास्कर वर्मा
सेतु का उद्घाटन

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने असम के गुवाहाटी में ब्रह्मपुत्र पर कुमार भास्कर वर्मा सेतु का उद्घाटन किया। श्री मोदी ने कहा कि यह पुल गुवाहाटी और उसके आस-पास के क्षेत्रों के लिए आवश्यक अवसंरचना परियोजना है। श्री मोदी ने यह भी कहा, “संपर्क सुविधा, आराम और वाणिज्य में काफ़ी बढ़ोतरी होगी। इससे भक्त ज़्यादा आसानी से कामाख्या मंदिर जा सकेंगे।”
प्रधानमंत्री ने ‘एक्स’ पर पोस्ट किया, “ब्रह्मपुत्र पर कुमार भास्कर वर्मा सेतु गुवाहाटी और उसके आस-पास के क्षेत्रों के लिए आवश्यक अवसंरचना परियोजना है। संपर्क सुविधा, आराम और वाणिज्य में काफ़ी बढ़ोतरी होगी। इससे भक्त ज़्यादा आसानी से कामाख्या मंदिर जा सकेंगे।”
लगभग पचास हजार करोड़ रुपये मिलने वाले हैं। भाजपा सरकार में असम को कांग्रेस सरकार के मुकाबले 5 गुना ज्यादा रुपये मिल रहे हैं। यदि मैं पिछले 11 वर्ष की बात करूं तो असम को तमाम विकास परियोजनाओं के लिए केंद्र सरकार से साढ़े पांच लाख करोड़ रुपये से अधिक मिले हैं। उन्होंने कहा कि बजट में असम और नॉर्थ-ईस्ट की कनेक्टिविटी को मजबूती देने, रोजगार के अवसर बढ़ाने और टूरिज्म का विस्तार करने पर भी जोर दिया गया है। आने वाले समय में ब्रह्मपुत्र पर रिवर टूरिज्म को और बढ़ाया जाएगा।
असम में चौतरफा विकास पर जोर देते हुए श्री मोदी ने कहा कि आप सबकी मेहनत से भाजपा सरकार बनी है, तभी यहां इतना विकास हो रहा है। असम के इसी आशीर्वाद के कारण लाखों गरीबों के घर बने,
असम के डिब्रूगढ़ में पूर्वोत्तर की पहली इमरजेंसी लैंडिंग फैसिलिटी का उद्घाटन

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने असम के डिब्रूगढ़ में पूर्वोत्तर की पहली आपातकालीन लैंडिंग सुविधा (ईएलएफ) का उद्घाटन किया। इस अवसर पर श्री मोदी ने कहा कि यह अत्यंत गर्व का विषय है कि पूर्वोत्तर को अपनी पहली आपातकालीन लैंडिंग सुविधा मिली है। उन्होंने इसके महत्व पर जोर देते हुए कहा कि यह स्ट्रेटेजिक दृष्टि से और प्राकृतिक आपदाओं के समय अत्यंत महत्वपूर्ण सिद्ध होगी।
श्री मोदी ने ‘एक्स’ पर पोस्ट में लिखा, “यह अत्यंत गर्व का विषय है कि पूर्वोत्तर को आपातकालीन लैंडिंग सुविधा मिली है। स्ट्रेटेजिक दृष्टि से और प्राकृतिक आपदाओं के समय, यह सुविधा बहुत महत्व रखती है।”
आज देश को सिर्फ एक और इमरजेंसी लैंडिंग स्ट्रिप नहीं मिली है। यह इस बात का भी प्रमाण है कि नया भारत, अपनी सुरक्षा के लिए हर तरह से तैयार हो रहा है। आज का भारत न सिर्फ अपनी सीमाओं को सशक्त कर रहा है, बल्कि देश के दुश्मनों को उनके घर में घुसकर जवाब भी देता है
लाखों परिवारों में शौचालय की व्यवस्था हुई और पीने का साफ पानी घर-घर पहुंचा है। हाइवे पर वायुयान से उतरने का उल्लेख करते हुए श्री मोदी ने कहा कि आज देश को सिर्फ एक और इमरजेंसी लैंडिंग स्ट्रिप नहीं मिली है। यह इस बात का भी प्रमाण है कि नया भारत, अपनी सुरक्षा के लिए हर तरह से तैयार हो रहा है। आज का भारत न सिर्फ अपनी सीमाओं को सशक्त कर रहा है, बल्कि देश के दुश्मनों को उनके घर में घुसकर जवाब भी देता है। उन्होंने कहा कि आज ही पुलवामा हमले की बरसी है और मैं इस हमले में जान गंवाने वाले मां भारती के वीर सपूतों को नमन करता हूं। इस आतंकी हमले के बाद भारत ने जिस तरह आतंकियों को सजा दी, वो पूरी दुनिया ने देखा है। आजादी के समय मुस्लिम लीग ने देश का बंटवारा कराया। अब मुस्लिम लीगी माओवादी कांग्रेस फिर देश बांटने में जुट गई है।
उन्होंने कहा कि बीते 10-11 वर्षों में भाजपा-एनडीए सरकार ने ब्रह्मपुत्र नदी पर 5 बड़े पुल पूरे कर लिए हैं। कांग्रेस की 70 साल की सत्ता में सिर्फ तीन पुल बने थे। कांग्रेस ने असम को सिर्फ समस्याएं दीं, भाजपा ने समाधान दिए हैं। असम की चाय से लेकर चिप्स तक में इसकी विकास यात्रा दिखाई देती है।
आज गुवाहाटी के दो हिस्सों को जोड़ने वाले शानदार पुल का भी लोकार्पण हुआ है। इस सेतु का नाम प्राचीन कामरूप के महाप्रतापी सम्राट कुमार भास्कर वर्मन के नाम पर रखा है। ये भास्कर सेतु असम के आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर और समृद्ध इतिहास का संगम है। ये इस बात का प्रमाण है कि भाजपा तेज विकास तो करती ही है, विरासत को भी आगे बढ़ाती है।
कांग्रेस के कुशासन पर प्रहार करते हुए प्रधानमंत्रीजी ने कहा कि इसने हमेशा असम को वोट के चश्मे से देखा है। भाजपा ने असम समेत नॉर्थ-ईस्ट के विकास को प्राथमिकता दी है। बीते 11 वर्षों में हमारी सभी योजनाओं का लाभ नॉर्थ-ईस्ट को भी मिला है। अभी कुछ समय पहले देश की पहली स्लीपर वंदेभारत ट्रेन असम से ही शुरू हुई है। देश ने तय किया कि सेमीकंडक्टर सेक्टर में तेजी से काम करना है। अब असम इस सेक्टर में भी ग्रोथ इंजन बन रहा है। पहले देश में जब मैनेजमेंट और उच्च शिक्षा की बात होती थी तो असम और नॉर्थ-ईस्ट के युवाओं के पास सिर्फ पलायन का ही विकल्प होता था। लेकिन आज आईआईएम पालसबारी का नया कैंपस शुरू हो चुका है। आईआईटी गुवाहाटी का भी आधुनिकीकरण हो रहा है। उन्होंने कहा कि मैं असम से वादा करता हूं कि आपने मुझे जो प्यार दिया है, उसे ब्याज समेत और विकास करके लौटाऊंगा।
श्री मोदी ने अपने संबोधन के अंत में कहा कि कांग्रेस ने असम के साथ एक और बहुत बड़ा अन्याय किया है। उसने असम को हमेशा हिंसाग्रस्त और अलग करके रखा। आजादी के बाद भी असम बम-बंदूक और कर्फ्यू की चपेट में रहा। लेकिन भाजपा-एनडीए सरकार असम में शांति बहाली और तेज विकास का संकल्प लेकर चल रही है। इसलिए असम में शांति की स्थापना हो रही है। पहली बार असम में बोडो, कार्बी, आदिवासी, डीएनएलए, उल्फा ऐसे हर सगंठन से जुड़े लोगों ने बंदूक छोड़कर देश के संविधान का रास्ता चुना है। श्री मोदी ने कहा कि आने वाले पांच साल असम के लिए बहुत महत्वपूर्ण है। इस दौरान अनेक प्रोजेक्ट पूरे होने वाले हैं, जो असम की ग्रोथ को नए पंख लगाएंगे। इसलिए यहां डबल इंजन की भाजपा सरकार बहुत जरूरी है। भाजपा के हर कार्यकर्ता को याद रखना है कि असम के तेज विकास के लिए ‘आको एबार, बीजेपी सोरकार।’

