आनंद जिले की उमरेठ विधानसभा सीट से भाजपा विधायक श्री गोविंद परमार का 7 मार्च, 2026 को दिल का दौरा पड़ने से निधन हो गया। वह 72 साल के थे। श्री परमार चार बार विधायक रहे – वह 1995, 1998, 2017 और 2022 में विधायक चुने गए। श्री परमार ने तत्कालीन मुख्यमंत्री स्वर्गीय विजय रूपाणी के नेतृत्व वाली सरकार में राज्य मंत्री के तौर पर अपने दायित्व का निर्वहन किया और पंचायत विभाग में राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) रहे। उनके पास राज्य मंत्री के तौर पर पर्यावरण विभाग का प्रभार भी था। इससे पहले, वह आनंद जिला पंचायत के अध्यक्ष भी रह चुके थे।
‘एक्स’ पर एक पोस्ट में प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने श्री परमार के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए कहा, “भारतीय जनता पार्टी के विधायक श्री परमार सामाजिक कल्याण के कार्यों के प्रति समर्पित रहे।” “गुजरात विधानसभा के सदस्य श्री गोविंदभाई परमार के निधन की खबर सुनकर मुझे गहरा दु:ख हुआ है। वे हमेशा सामाजिक कल्याण के कार्यों के प्रति समर्पित और प्रतिबद्ध रहे। दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना और शोक संतप्त परिवार के प्रति मेरी हार्दिक संवेदनाएं। ओम शांति!”
भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री नितिन नवीन ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में शोक व्यक्त करते हुए कहा, “गुजरात से भाजपा विधायक श्री गोविंदभाई परमार जी के निधन से मैं अत्यंत दु:खी हूं। एक समर्पित जनसेवक के रूप में उन्होंने उमरेठ की जनता के कल्याण और विकास के लिए अथक परिश्रम किया। उनके परिवार, समर्थकों और शुभचिंतकों के प्रति मेरी हार्दिक संवेदनाएं। ओम शांति!”
एक सोशल मीडिया पोस्ट में केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह ने कहा कि श्री गोविंदभाई परमार मध्य गुजरात के एक समर्पित राजनेता के रूप में जाने जाते थे और प्रदेश में उनकी कमी कभी पूरी नहीं हो सकती। उन्होंने आगे कहा कि श्री गोविंदभाई परमार हमेशा क्षेत्र के विकास और हर आयु वर्ग के लोगों के कल्याण के प्रति समर्पित रहे। श्री शाह ने कहा कि इस दु:ख की घड़ी में पूरा भाजपा परिवार उनके परिजनों के साथ मजबूती से खड़ा है।
गुजरात के उपमुख्यमंत्री श्री हर्ष संघवी एवं भाजपा, गुजरात अध्यक्ष श्री जगदीश विश्वकर्मा ने श्री परमार के निधन पर शोक व्यक्त किया।

