कांग्रेस पार्टी चाहे कितना भी विरोध करे, भाजपा सरकार जमीन के हर इंच को घुसपैठियों से खाली कराने का काम करेगी : अमित शाह

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एनडीए पंचायत प्रतिनिधि सम्मेलन, गुवाहाटी (असम)

     केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह ने 29 अगस्त, 2025 को असम के अपने दो दिवसीय दौरे के दूसरे और अंतिम दिन गुवाहाटी, असम में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन के एनडीए पंचायत प्रतिनिधि सम्मेलन और असम राजभवन परिसर में ब्रह्मपुत्र विंग के उदघाटन कार्यक्रम को संबोधित किया। इन कार्यक्रमों में उन्होंने श्री नरेन्द्र मोदी सरकार में असम के विकास की गाथा पर विस्तार से चर्चा करते हुए आतंकवाद के खिलाफ ऑपरेशन सिंदूर और ऑपरेशन महादेव की निर्णायक लड़ाई का भी उल्लेख किया। साथ ही, उन्होंने बिहार में राहुल गांधी के मंच से कांग्रेस नेताओं द्वारा प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी एवं उनकी पूज्य दिवंगत माताजी के खिलाफ प्रयोग किए गए घोर अपशब्दों की भी निंदा की। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री श्री हेमंत बिस्वा शर्मा, भाजपा प्रदेशाध्यक्ष श्री दिलीप सैकिया, केन्द्रीय श्री सर्वानंद सोनवाल, असम सरकार में मंत्री श्री पवित्रा मार्गरेट, असम गण परिषद् के अध्यक्ष श्री अतुल बोरा, भाजपा प्रदेश प्रभारी श्री हरीश द्विवेदी सहित अनेक नेतागण उपस्थित रहे।

पंचायत प्रतिनिधि सम्मेलन में बोलते हुए श्री शाह ने कहा कि असम के पंचायत चुनाव में कांग्रेस पार्टी के नेता विजय की आशा लगाए बैठे थे, मगर जब परिणाम आया, तो कांग्रेस पार्टी का सूपड़ा साफ हो गया। असम पंचायत चुनाव में कांग्रेस पार्टी को ढूंढना हो तो दूरबीन लेकर भी ढूंढा नहीं जा सकता। यह प्रचंड विजय भाजपा कार्यकर्ताओं और असम की जनता ने प्राप्त की है। लगभग 20,000 नवनिर्वाचित पंचायत प्रतिनिधियों, 15,000 पंचायत सदस्यों, 1500 ब्लॉक स्तर के सदस्यों, 750 म्युनिसिपल काउंसिलरों और 300 से अधिक जिला परिषद् सदस्यों को को बहुत-बहुत बधाई।

उन्होंने कहा कि पिछले 11 वर्षों में श्री नरेन्द्र मोदी ने उत्तर-पूर्व में शांति का एक नया युग स्थापित किया है। श्री मोदी ने जिस विकास का नया दौर पूर्वोत्तर में शुरू किया, उसे मुख्यमंत्री श्री हेमंत विश्व शर्मा ने असम के हर गांव और हर व्यक्ति तक पहुंचाने का कार्य किया। इसी का नतीजा है कि बार-बार भारतीय जनता पार्टी को विजय प्राप्त होती है। जिला परिषद् चुनावों में 397 सीटों में से 301 सीटें भाजपा ने जीतीं। तहसील पंचायत में 2,188 सीटों में से 1445 सीटें एनडीए ने जीतीं और लगभग 15,000 पंचायत स्तर के प्रतिनिधि चुनकर आए। यह चुनाव विशेष महत्व रखता है, क्योंकि परिसीमन के बाद असम में यह पहला चुनाव था और 1980 के बाद पहली बार पंचायत चुनावों में 74% से अधिक मतदान हुआ और उसके परिणामस्वरूप भाजपा और एनडीए को ऐतिहासिक जीत मिली। लोकसभा में भी 14 में से 11 सीटें भाजपा के खाते में आईं, राज्यसभा की सभी 5 सीटों पर एनडीए विजयी हुआ और सभी

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने जिस विकास का नया दौर पूर्वोत्तर में शुरू किया, उसे मुख्यमंत्री श्री हेमंत विश्व शर्मा ने असम के हर गांव और हर व्यक्ति तक पहुंचाने का कार्य किया। इसी का नतीजा है कि बार-बार भारतीय जनता पार्टी को विजय प्राप्त होती है

उपचुनावों में में एनडीए को जीत मिली। कारबी आंग्लोंग स्वायत्त परिषद, उत्तरी कछार स्वायत्त परिषद् और राबा हसोंग स्वायत्त परिषद, तीनों जगहों पर भी एनडीए ने विजय हासिल की।

उन्होंने कहा कि असम की सबसे बड़ी समस्या घुसपैठियों की थी, जो नाबालिग बच्चियों से शादी कर सामाजिक संतुलन को बिगाड़ रहे थे। मुख्यमंत्री हेमंत विश्व शर्मा जी ने इस पर सख्त अभियान चलाया और ऐसे लोगों को जेल की सलाखों के पीछे पहुंचाने का काम किया। गृह मंत्री ने आगे कहा कि भाजपा सरकार ने लाखों एकड़ भूमि को घुसपैठियों से मुक्त कराया है। कांग्रेस नेता गौरव गोगोई इस मुहिम का विरोध कर रहे हैं, लेकिन भाजपा सरकार संकल्पबद्ध है कि असम की एक-एक इंच भूमि को घुसपैठियों से मुक्त कराकर असम के युवाओं को उसका अधिकार दिलाया जाएगा। अब तक 3500 एकड़ चरागाह की भूमि, 87,000 एकड़ वन्यजीव अभयारण्य की भूमि, 26,000 एकड़ सरकारी भूमि और 4500 एकड़ अन्य भूमि घुसपैठियों से मुक्त कराई गई है। इसके अतिरिक्त 1548 एकड़ भूमि को भी मुक्त कराया गया है।

श्री शाह ने जनता से आह्वान किया कि हमें यह संकल्प लेकर आज जाना है कि आने वाले समय में असम में तीसरी बार भाजपा की सरकार बनानी है, एनडीए की सरकार बनानी है, असम गण परिषद् और भाजपा की सरकार बनानी है।