भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं केंद्रीय मंत्री श्री जगत प्रकाश नड्डा ने 9 नवंबर, 2024 को रांची में डॉक्टरों से संवाद करते हुए मोदी सरकार द्वारा किए गए विकास और कल्याण कार्यों को रेखांकित किया। श्री नड्डा ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में पिछले 10 वर्षों में स्वास्थ्य क्षेत्र में अभूतपूर्व विकास हुआ है। कार्यक्रम के दौरान मंच पर केंद्रीय मंत्री श्री संजय सेठ, राज्यसभा सांसद श्री दीपक प्रकाश, डॉ. राघव चरण सहित पार्टी के अन्य नेता एवं पदाधिकारीगण उपस्थित रहे।
श्री नड्डा द्वारा दिए गए उद्बोधन के मुख्य बिंदु
जब हम डॉक्टर समुदाय से मिलते हैं, तो चर्चा भले ही छोटी हो, लेकिन उसका प्रभाव दूरगामी होता है।
न केवल स्वास्थ्य क्षेत्र में, बल्कि पूरे देश में चौतरफा विकास हुआ है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में पिछले 10 वर्षों में हर वर्ग और क्षेत्र ने विकास का अनुभव किया है।
60 वर्षों में पहली बार ऐसा हुआ है, जब कोई प्रधानमंत्री लगातार तीसरी बार चुनकर आया है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने भारतीय राजनीति में एक नया रिकॉर्ड बनाया है।
पिछले 10 वर्षों में बुनियादी ढांचे के विकास के लिए 90 लाख करोड़ रुपये का भारी निवेश किया गया है। इसके परिणामस्वरूप चार-लेन और छह-लेन राजमार्ग, औद्योगिक गलियारे और ग्रीनफील्ड परियोजनाएं बनाई गई हैं, जो भारत के विकास में महत्वपूर्ण छलांग के प्रमाण हैं।
झारखंड में 2,556 किलोमीटर से अधिक राष्ट्रीय राजमार्गों का निर्माण किया गया है, जिससे राज्य के बुनियादी ढांचे में सुधार हुआ है। अंडरपास, ओवरब्रिज, बाईपास और एलिवेटेड सड़कों के विकास ने राज्य की छवि बदल दी है।
आयुष्मान भारत योजना के तहत 55 करोड़ लोगों यानी 12 करोड़ परिवारों को 5 लाख रुपये तक के मुफ्त इलाज का लाभ मिल रहा है। 29 अक्टूबर, 2024 को मोदी सरकार ने 70 साल से अधिक उम्र के देश के हर नागरिक को आजीवन 5 लाख रुपये प्रति वर्ष मुफ्त इलाज की मंजूरी दी। भाजपा झारखंड में हर साल 10 लाख रुपये का स्वास्थ्य कवरेज प्रदान करेगी।
विश्व बैंक का कहना है, “वैश्विक मंदी के दौरान भी भारत की आर्थिक स्थिति मजबूत रहेगी।” कोरोना महामारी के दौरान अमेरिका की अर्थव्यवस्था और स्वास्थ्य व्यवस्था लड़खड़ा गई, जापान और यूरोप की अर्थव्यवस्था लड़खड़ा गई, लेकिन भारत कोरोना महामारी के सामने मजबूती से खड़ा रहा और उसे हराकर बाहर आया।
भारत में ट्यूबरक्लोसिस की दवा आने में 25 साल लग गए, टिटनेस की दवा को आने में 28 साल लगे, लेकिन प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के कार्यकाल में जनवरी, 2020 में देश का पहला कोरोना केस आने के 9 महीने के भीतर कोरोना की 2-2 वैक्सीन बनाकर देश की 140 करोड़ जनता को डबल डोज देकर कोरोना महामारी से सुरक्षित किया गया।
अमेरिका में कोविड वैक्सीन का सर्टिफिकेट कागज पर मिलता है, लेकिन भारत में कोविड वैक्सीन का सर्टिफिकेट मोबाइल फोन पर प्राप्त हो जाता है। देश में यह बदलाव आया है।
वर्ष 2014 में केवल 6 एम्स थे लेकिन आज देश भर में 22 एम्स हैं, जिसमें एक झारखंड का देवघर एम्स भी शामिल है। आने वाले समय में ऐसी व्यवस्था की जाएगी कि झारखंड के किसी रोगी को दिल्ली न जाना पड़े।
पहले देश में 387 मेडिकल कॉलेज थे आज 766 मेडिकल कॉलेज हैं। मेडिकल सीटों में 125% कि बढ़ोतरी हुई है और इस वर्ष 10000 मेडिकल सीट बढ़ाई गई हैं। आगे 75000 मेडिकल सीटें बढ़ाने की दिशा में कार्य कर रही है।
एक समय था, जब ब्रेन ड्रेन की चर्चा होती थी। आज हम कह रहे हैं कि हम सिर्फ भारत की ही नहीं, दुनिया की चिंता कर रहे हैं। इसलिए हम डॉक्टर बनाने में कोई कसर नहीं छोड़ेंगे, साथ ही हम पैरामेडिक को भी उस स्तर पर ले जाएंगे, ताकि देश के साथ हम दुनिया की भी सेवा कर सकें।
प्रति लाख जनसंख्या पर टीबी के मामले 237 से घटकर 199 रह गए हैं। टीबी को खत्म करने पर फोकस है और 2027 तक इसे खत्म कर दिया जाएगा। जन आरोग्य केंद्रों के माध्यम से गरीबों को दवाइयां उपलब्ध कराने की व्यवस्था की गई है।
झारखंड में पांच नए मेडिकल कॉलेज खोले गए हैं तथा 10 और मेडिकल कॉलेज खोलने का निर्णय लिया गया है।
झारखंड में आईएमआर 34 से घटकर 25 हो गया है और 5 वर्ष से कम आयु के बच्चों की मृत्यु दर 44 से घटकर 27 हो गई है। इसलिए झारखंड में भी स्वास्थ्य सेवा में महत्वपूर्ण बदलाव आया है।
मोदी सरकार रेस्पॉन्सिबल, रेस्पॉन्सिव, प्रो ऐक्टिव और प्रो पीपल गवर्मेंट है। झारखंड को भाजपा के डबल इंजन की आवश्यकता है।

